बुद्धल, राजौरी: राजौरी जिले के ग्रामीण क्षेत्र बुद्धल की मुख्य बाजार में सफाई व्यवस्था को लेकर स्थानीय लोगों में चिंता बढ़ रही है। बाजार के कई हिस्सों में जगह-जगह कचरा जमा है, नालियां गंदगी से भरी हुई हैं और नियमित रूप से कचरा उठाने की व्यवस्था नहीं होने के कारण समस्या लगातार बनी हुई है। स्थानीय लोगों का कहना है कि बुद्धल जैसे खूबसूरत क्षेत्र की मुख्य बाजार में स्वच्छता व्यवस्था बेहतर होना जरूरी है, लेकिन वर्तमान स्थिति इसके विपरीत दिखाई दे रही है।
तस्वीर में बाजार के किनारे बड़ी मात्रा में प्लास्टिक, बोतलें, खाद्य सामग्री का बचा हुआ कचरा और अन्य अपशिष्ट जमा दिखाई दे रहे हैं। कई स्थानों पर कचरा नालियों और सड़क किनारे तक फैला हुआ है। इससे स्थानीय दुकानदारों, राहगीरों और बाजार में आने वाले लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
नालियां गंदगी से भरी, नियमित सफाई की जरूरत
स्थानीय लोगों के अनुसार बुद्धल मुख्य बाजार की कई नालियां लंबे समय से उचित सफाई की प्रतीक्षा कर रही हैं। नालियों में कचरा और गंदगी जमा होने से पानी की निकासी भी प्रभावित होने की आशंका बनी रहती है।
लोगों का कहना है कि बाजार में केवल कभी-कभार सफाई कराने से समस्या का स्थायी समाधान नहीं होगा। इसके लिए नियमित सफाई कर्मचारी, कचरा उठाने की व्यवस्था और बाजार के प्रमुख स्थानों पर पर्याप्त कूड़ेदान उपलब्ध कराना जरूरी है।
कूड़ेदान और कचरा उठाने की व्यवस्था का अभाव
स्थानीय लोगों की सबसे बड़ी शिकायत बाजार में पर्याप्त कूड़ेदान नहीं होने और जमा कचरे को नियमित रूप से उठाने की व्यवस्था का अभाव है। जब कचरा डालने के लिए उचित स्थान उपलब्ध नहीं होता, तो बाजार के आसपास गंदगी बढ़ने की स्थिति पैदा हो जाती है।
लोगों का कहना है कि यदि बाजार में अलग-अलग स्थानों पर कूड़ेदान लगाए जाएं और उनके भरने से पहले नियमित रूप से कचरा उठाया जाए, तो काफी हद तक समस्या को नियंत्रित किया जा सकता है।
स्वच्छ भारत अभियान के बीच बुद्धल की तस्वीर पर उठे सवाल
देशभर में 2 अक्टूबर को स्वच्छ भारत अभियान के तहत स्वच्छता को लेकर विभिन्न गतिविधियां आयोजित की जाती हैं। लोगों को अपने आसपास सफाई रखने और सार्वजनिक स्थानों को स्वच्छ बनाए रखने के लिए जागरूक किया जाता है।
ऐसे में बुद्धल मुख्य बाजार में जमा कचरे और गंदगी की तस्वीर स्थानीय व्यवस्था को लेकर चिंता पैदा करती है। स्थानीय लोगों का कहना है कि स्वच्छता केवल विशेष दिनों तक सीमित नहीं रहनी चाहिए, बल्कि बाजार और सार्वजनिक स्थानों पर पूरे वर्ष नियमित सफाई व्यवस्था सुनिश्चित की जानी चाहिए।
पहले भी उठाया जा चुका है बुद्धल की सफाई का मुद्दा
बुद्धल बाजार की सफाई व्यवस्था को लेकर इंडियन डिजिटल मीडिया द्वारा पहले भी खबर प्रकाशित की गई थी। खबर सामने आने के बाद संबंधित विभाग की ओर से मामले का संज्ञान लिया गया था।
स्थानीय स्तर पर मिली जानकारी के अनुसार, ग्रामीण विकास विभाग के पंचायत सचिव मकसूद मलिक ने मामले को गंभीरता से लेते हुए पहल की थी। उन्होंने बोपर्माल, बुद्धल और स्थानीय लोगों के साथ बैठक आयोजित की थी तथा बाजार की सफाई व्यवस्था को बेहतर बनाने और पूरे बाजार को साफ-सुथरा बनाने की दिशा में काम करने का आश्वासन दिया था।
उस समय स्थानीय लोगों को उम्मीद जगी थी कि अब बुद्धल बाजार की सफाई व्यवस्था में स्थायी सुधार होगा और कचरे की समस्या का समाधान किया जाएगा।
पंचायत सचिव के तबादले के बाद अधूरा रह गया प्रयास
स्थानीय लोगों के अनुसार, बाद में पंचायत सचिव मकसूद मलिक का कोटरंका तबादला हो गया। इसके बाद पहले शुरू हुई पहल आगे अपेक्षित रूप से नहीं बढ़ सकी और बाजार में सफाई व्यवस्था की समस्या फिर दिखाई देने लगी।
लोगों का कहना है कि किसी एक अधिकारी या कर्मचारी के स्तर पर शुरू की गई पहल को व्यक्ति के तबादले के साथ समाप्त नहीं होना चाहिए। सार्वजनिक सुविधाओं से जुड़ी व्यवस्था को संस्थागत और नियमित बनाया जाना आवश्यक है, ताकि अधिकारी या कर्मचारी बदलने के बावजूद काम प्रभावित न हो।
बुद्धल की खूबसूरती पर गंदगी का असर
बुद्धल अपनी प्राकृतिक सुंदरता और ग्रामीण वातावरण के लिए जाना जाता है। स्थानीय लोगों का कहना है कि क्षेत्र की खूबसूरती को बनाए रखने के लिए केवल प्राकृतिक वातावरण का सुंदर होना पर्याप्त नहीं है, बल्कि बाजार और सार्वजनिक स्थानों की साफ-सफाई भी उतनी ही महत्वपूर्ण है।
मुख्य बाजार में जगह-जगह कचरा जमा होने से क्षेत्र की समग्र छवि प्रभावित होती है। बाजार में आने वाले लोगों और बाहर से आने वाले आगंतुकों के सामने भी इसका नकारात्मक प्रभाव पड़ सकता है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि नियमित सफाई, उचित कूड़ेदान और कचरा उठाने की व्यवस्था सुनिश्चित कर दी जाए तो बुद्धल बाजार को काफी बेहतर और स्वच्छ बनाया जा सकता है।
स्थानीय लोगों ने प्रशासन से की जल्द कार्रवाई की मांग
बुद्धल के स्थानीय लोगों ने संबंधित प्रशासन और विभागीय अधिकारियों से मांग की है कि मुख्य बाजार की मौजूदा स्थिति का मौके पर निरीक्षण किया जाए और सफाई व्यवस्था को लेकर ठोस कदम उठाए जाएं।
लोगों की मांग है कि:
- – बाजार में पर्याप्त संख्या में कूड़ेदान लगाए जाएं।
- – नियमित रूप से कचरा उठाने की व्यवस्था की जाए।
- – नालियों की समय-समय पर सफाई कराई जाए।
- – बाजार में नियमित सफाई के लिए जिम्मेदारी तय की जाए।
- – सफाई व्यवस्था की निगरानी के लिए उचित व्यवस्था बनाई जाए।
- – पहले शुरू की गई सफाई संबंधी पहल को दोबारा प्रभावी तरीके से आगे बढ़ाया जाए।
लोगों को अब कार्रवाई का इंतजार
बुद्धल बाजार की मौजूदा स्थिति को देखते हुए स्थानीय लोगों का कहना है कि समस्या को केवल शिकायत तक सीमित रखने के बजाय इसका स्थायी समाधान किया जाना चाहिए। लोगों ने उम्मीद जताई है कि संबंधित प्रशासन मामले का संज्ञान लेकर जल्द ही सफाई व्यवस्था को बेहतर करेगा।
बुद्धल की मुख्य बाजार क्षेत्र के लोगों की दैनिक जरूरतों का महत्वपूर्ण केंद्र है। ऐसे में यहां स्वच्छता और बेहतर नागरिक सुविधाएं उपलब्ध कराना स्थानीय लोगों के हित में होने के साथ-साथ क्षेत्र की सुंदरता के लिए भी महत्वपूर्ण है।
अब स्थानीय लोगों की नजर संबंधित प्रशासन पर है कि बुद्धल मुख्य बाजार की सफाई व्यवस्था को लेकर कब ठोस कदम उठाए जाते हैं। लोगों की मांग स्पष्ट है—बाजार को नियमित रूप से साफ रखा जाए, कचरा उठाने की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए और नालियों की सफाई पर विशेष ध्यान दिया जाए, ताकि बुद्धल की पहचान गंदगी नहीं बल्कि स्वच्छता और सुंदरता से हो।











